Summary

मणिपुर में 14 कुकी बंदियों की सुरक्षित रिहाई के 24 घंटे के भीतर छह अपहृत नागा पुरुषों के शव बरामद हुए। पुलिस जांच जारी, क्षेत्र में तनाव का माहौल।

Article Body

मणिपुर में छह अपहृत नागा पुरुषों के शव बरामद, 14 कुकी बंदियों की रिहाई के 24 घंटे बाद सामने आई दर्दनाक सच्चाई
मणिपुर में छह अपहृत नागा पुरुषों के शव बरामद, 14 कुकी बंदियों की रिहाई के 24 घंटे बाद सामने आई दर्दनाक सच्चाई
 

इंफाल, 10 जून 2026: मणिपुर में पिछले महीने अपहृत किए गए छह नागा पुरुषों के शव बरामद होने से राज्य में एक बार फिर तनाव का माहौल बन गया है। यह घटनाक्रम ऐसे समय सामने आया है जब एक दिन पहले ही नागा ग्रामीण सुरक्षा समूहों की हिरासत में रहे 14 कुकी व्यक्तियों को सुरक्षित रिहा किया गया था।

जानकारी के अनुसार, 13 मई 2026 को राज्य में जारी जातीय तनाव के बीच छह नागा पुरुषों और 14 कुकी व्यक्तियों का अलग-अलग स्थानों से अपहरण किया गया था। बाद में 14 कुकी बंदियों को सुरक्षित रिहा कर दिया गया, लेकिन छह नागा पुरुषों का कोई सुराग नहीं मिल पाया था। अब उनके शव बरामद होने से स्थानीय समुदायों में शोक और आक्रोश व्याप्त है।

सूत्रों के मुताबिक, बरामद शवों को पोस्टमार्टम के लिए इंफाल स्थित जवाहरलाल नेहरू आयुर्विज्ञान संस्थान (JNIMS) भेजा गया है। प्रारंभिक जानकारी में शवों के क्षत-विक्षत अवस्था में मिलने की बात कही जा रही है, हालांकि पुलिस की ओर से इस संबंध में विस्तृत आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

मृतकों की पहचान मनु थियूमाई, केनपिबोउ, दिलीप थियूमाई, फेनरिलुंगबोउ, कालिवांगबोउ और फेन-रोंगविबोउ के रूप में हुई है। इनमें मनु थियूमाई और केनपिबोउ चर्च से जुड़े पादरी थे। ये सभी उन 18 नागा नागरिकों में शामिल थे, जिन्हें 13 मई को कथित तौर पर कुकी उग्रवादियों द्वारा अगवा किया गया था। अपहरण के कुछ दिनों बाद 12 महिलाओं को रिहा कर दिया गया था, जबकि छह पुरुषों को बंधक बनाए रखा गया था।

इन छह लोगों की तलाश के लिए पिछले कई सप्ताह से व्यापक अभियान चलाया जा रहा था। नागा संगठनों और स्थानीय समुदायों ने उनकी सुरक्षित वापसी की मांग को लेकर कई विरोध प्रदर्शन, ज्ञापन और जनआंदोलन आयोजित किए थे। इसके बावजूद सुरक्षा एजेंसियां लंबे समय तक उनके ठिकाने या स्थिति का पता लगाने में सफल नहीं हो सकीं।

इस बीच, 9 जून को 14 कुकी बंदियों की रिहाई केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मणिपुर सरकार की अपीलों तथा आश्वासनों के बाद संभव हुई। रिपोर्टों के अनुसार, केंद्र सरकार ने अपहृत नागा नागरिकों का पता लगाने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित करने का भरोसा दिया था।

मणिपुर सरकार ने यूनाइटेड नागा काउंसिल (UNC) को भी आश्वस्त किया था कि लापता लोगों की तलाश के लिए चल रहे अभियान को और तेज किया जाएगा। साथ ही दोषियों की गिरफ्तारी, युद्धविराम (SoO) नियमों के सख्त अनुपालन तथा संबंधित शिविरों के पुनर्गठन के लिए आवश्यक कदम उठाने की बात कही गई थी।

बुधवार को मणिपुर पुलिस ने सोशल मीडिया पर जारी एक बयान में बताया कि लगभग 450 कर्मियों की संयुक्त टीम ने 24 घंटे तक लगातार तलाशी अभियान चलाया। इस अभियान में मणिपुर पुलिस, सीआरपीएफ, असम राइफल्स, खोजी कुत्तों और फोरेंसिक विशेषज्ञों की सहायता ली गई। अभियान के दौरान छह व्यक्तियों के शव बरामद किए गए।

हालांकि पुलिस ने शवों की बरामदगी के सटीक स्थान की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है, लेकिन स्थानीय सूत्रों का दावा है कि शव लेइलोन वैफेई और खराम वैफेई गांवों के बीच स्थित एक क्षेत्र से मिले हैं।

पुलिस ने कहा है कि मामले की जांच जारी है और सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं। शवों की बरामदगी के बाद क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। इस घटना ने एक बार फिर मणिपुर में जारी जातीय संघर्ष, कानून-व्यवस्था और सुरक्षा चुनौतियों को लेकर गंभीर चिंताएं पैदा कर दी हैं।

स्थानीय समुदायों और विभिन्न संगठनों की निगाहें अब जांच के निष्कर्षों तथा दोषियों के खिलाफ की जाने वाली कार्रवाई पर टिकी हुई हैं। राज्य में शांति और सामान्य स्थिति बहाल करने की मांग भी तेज हो गई है।

Comments

TOPICS MENTIONED IN THIS ARTICLE

About the Author(s)

  • Naorem Mohen photo

    Naorem Mohen

    Editor, Purvottar Khabar

    Naorem Mohen is the Editor of Purvottar Khabar. He covers breaking news, politics, social issues, and regional developments from Manipur and Northeast India. With a focus on ground-level journalism and accurate reporting, he aims to deliver reliable news and insightful coverage to Hindi readers across the country.

    View all articles by Naorem Mohen

पूर्वोत्तर खबर – मणिपुर की ताज़ा हिंदी खबरें — मणिपुर और पूर्वोत्तर भारत की ब्रेकिंग न्यूज़, राजनीति, लोकल समाचार, करंट अफेयर्स, शिक्षा, संस्कृति और देश-दुनिया की ताज़ा खबरें पढ़ें पूर्वोत्तर खबर पर।